UP SIR Form Last Date 2025: बिहार में SIR प्रक्रिया के सफल समापन के बाद अब उत्तर प्रदेश सहित 12 राज्यों में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की प्रक्रिया शुरू हो गई है। 4 नवंबर से आरंभ हुई यह प्रक्रिया पूरे एक महीने तक चलेगी और 4 दिसंबर को समाप्त होगी। इस संबंध में जिम्मेदार अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं। हालांकि SIR को लेकर राजनीतिक चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार मतदाता सूची के शुद्धिकरण के लिए यह बेहद महत्वपूर्ण कदम है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सभी मतदाताओं से अपील की है कि वे जागरूक रहें। अंतिम मतदाता सूची 7 फरवरी 2026 को प्रकाशित की जाएगी, जो पूरी तरह त्रुटिरहित और अपडेट होगी।
SIR के दूसरे चरण की शुरुआत
SIR का दूसरा चरण जारी है, जिससे लगभग 51 करोड़ मतदाताओं को लाभ मिलेगा। यह प्रक्रिया 9 राज्यों — उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, राजस्थान और तमिलनाडु तथा 3 केंद्रशासित प्रदेशों — अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह, लक्षद्वीप और पुडुचेरी में संचालित हो रही है। यह अभियान कुल 321 जिलों और 1843 विधानसभा क्षेत्रों को कवर करेगा। योग्य मतदाता अपने क्षेत्र की मतदाता सूची डाउनलोड कर अपना नाम चेक कर सकते हैं और चाहें तो SIR फॉर्म ऑनलाइन भी भर सकते हैं।
BLO घर-घर दे रहे हैं गणना प्रपत्र
SIR प्रक्रिया के तहत बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर गणना फॉर्म वितरित कर रहे हैं। प्रत्येक मतदाता से अनुरोध किया जा रहा है कि वे फॉर्म को ध्यानपूर्वक भरकर हस्ताक्षर सहित BLO को वापस दें। यदि किसी मतदाता का फॉर्म प्राप्त नहीं होता है, तो परिवार का कोई अन्य सदस्य सभी सदस्यों की जानकारी भरकर हस्ताक्षर सहित फॉर्म जमा करा सकता है। हस्ताक्षरित फॉर्म मिलने पर संबंधित नामों को 9 दिसंबर को जारी होने वाली ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में शामिल किया जाएगा। लखनऊ सहित पूरे प्रदेश में SIR फॉर्म भरने और सत्यापन की प्रक्रिया तेजी से चल रही है।
आयोग ने जारी किए महत्वपूर्ण निर्देश
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने साफ कहा है कि सभी मतदाता समय पर फॉर्म भरकर BLO को उपलब्ध कराएं, ताकि किसी का नाम मतदाता सूची से न छूटे। जिन पात्र नागरिकों का नाम 2023 की मतदाता सूची में नहीं है, उनका सत्यापन दूसरे चरण में किया जाएगा। 9 दिसंबर के बाद ERO–SDM कार्यालय द्वारा नोटिस जारी किए जाएंगे और पात्र नागरिकों को भारतीय नागरिकता साबित करने के लिए आवश्यक दस्तावेज — जैसे आधार कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, बिजली बिल आदि — प्रस्तुत करने होंगे।
जिन मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है या जो शहर छोड़कर किसी अन्य स्थान पर बस गए हैं, उनके बारे में परिवार वाले येलो फॉर्म के माध्यम से BLO को सूचना दे रहे हैं, जिसके आधार पर ऐसे नाम सूची से हटाए जा सकेंगे। मतदाता चाहें तो https://voters.eci.gov.in पोर्टल से भी अपना गणना प्रपत्र डाउनलोड कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए 1950 या 1800-180-1950 हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क किया जा सकता है।
SIR कार्यक्रम की प्रमुख तिथियाँ
- गणना प्रपत्र का वितरण और संकलन: 4 नवंबर – 4 दिसंबर
- निर्वाचक नामावली का ड्राफ्ट प्रकाशन: 9 दिसंबर
- दावे एवं आपत्तियाँ दर्ज करने की अवधि: 9 दिसंबर – 8 जनवरी 2026
- नोटिस, सुनवाई और सत्यापन: 9 दिसंबर – 31 जनवरी 2026
- अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन: 7 फरवरी 2026





